मुख पृष्ठ
Home
 
सोसायटी पंजीकरण में ''विकलांग'' शब्द का नहीं होगा प्रयोग ''दिव्यांग'' शब्द का होगा उपयोग
जयपुर, 5 मार्च। रजिस्ट्रार, सहकारिता डॉ. नीरज के. पवन ने मंगलवार को बताया कि सोसायटी पंजीकरण अधिनियम, 1958 के तहत ''विकलांग'' शब्द के नाम से पंजीकृत गैर लाभकारी संस्थाओं में अब इस नाम का प्रयोग नहीं किया जायेगा। उन्होंने बताया कि ऐसी संस्थाओं को ''विकलांग'' शब्द के स्थान पर ''दिव्यांग'' शब्द का प्रयोग करना होगा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में सभी संस्था रजिस्ट्रार एवं उप रजिस्ट्रार को निर्देश दिये गये हैं कि सोसायटी रजिस्ट्रेशन एक्ट के तहत पंजीकृत जिन संस्थाओं में ''विकलांग'' शब्द का प्रयोग हो रहा है उन्हें संशोधित करने हेतु आवश्यक कार्यवाही संपादित करे तथा ''विकलांग'' शब्द के स्थान पर ‘दिव्यांग’ को प्रतिस्थापित कर संशोधित पंजीकरण प्रमाण पत्र जारी करावें। डॉ. पवन ने यह भी निर्देश दिये कि भविष्य में पंजीकृत होने वाली ऐसी संस्थाओं के नाम में ''दिव्यांग'' शब्द का ही प्रयोग कर संस्था का पंजीकरण करें। उन्होंने बताया कि सोसायटी रजिस्ट्रेशन एक्ट, 1958 के तहत धार्मिक प्रयोजनों को छोड़कर अन्य सामाजिक कार्यों के लिये गैर लाभकारी संस्थाओं का पंजीयन किया जाता है। आमजन को सहूलियत देने के लिये ऐसी संस्थाओं के पंजीयन हेतु ऑनलाइन प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
 
 
Site designed & hosted by National Informatics Centre.
Contents provided by Department of Cooperation, Govt. of Rajasthan.